🔱 प्रदोष व्रत (शुक्ल)
प्रदोष व्रत — त्रयोदशी को सूर्यास्त के बाद प्रदोष काल में शिव पूजन।
प्रदोष काल - 5:26 pm से 6:56 pm तक
बुधवार
☀️ धनु संक्रांति
संक्रांति — सूर्य का राशि परिवर्तन, दान-स्नान के लिए शुभ।
संक्रांति क्षण - 15 दिसंबर 2032 को 11:24 pm
गुरुवार
🌕 पूर्णिमा
पूर्णिमा — पूर्ण चंद्र तिथि, सत्यनारायण पूजा एवं नदी स्नान के लिए शुभ।
सोमवार
🐘 संकष्टी चतुर्थी
संकष्टी चतुर्थी — कृष्ण पक्ष की चतुर्थी, चंद्रोदय के बाद व्रत पारण।
चंद्रोदय - 20 दिसंबर 2032 को 8:51 pm
मंगलवार
🙏 सफला एकादशी
सभी प्रयास सफल करती है।
तिथि समाप्त - 28 दिसंबर 2032 को 8:01 pm
गुरुवार
🔱 प्रदोष व्रत (कृष्ण)
प्रदोष व्रत — त्रयोदशी को सूर्यास्त के बाद प्रदोष काल में शिव पूजन।
प्रदोष काल - 5:34 pm से 7:04 pm तक
शुक्रवार
🔱 मासिक शिवरात्रि
मासिक शिवरात्रि — कृष्ण चतुर्दशी को शिव पूजन एवं रात्रि जागरण।
2032 की त्योहार तिथियों के बारे में
हिंदू त्योहारों की तिथियाँ ग्रेगोरियन कैलेंडर से बँधी नहीं होतीं — वे तिथि से निर्धारित होती हैं, और तिथि मध्यरात्रि से नहीं, एक निश्चित क्षण से आरंभ और समाप्त होती है। अतः त्योहार उस दिन माना जाता है जिस दिन संबंधित समय पर उसकी शासक तिथि विद्यमान हो — अधिकांश पर्वों के लिए सूर्योदय, किंतु कुछ के लिए चंद्रोदय, सूर्यास्त अथवा अर्धरात्रि। यही कारण है कि एक ही त्योहार भिन्न क्षेत्रों में भिन्न दिन पड़ सकता है, और यही कारण है कि यहाँ की तिथियाँ किसी छपे पंचांग से नकल नहीं, नई दिल्ली के लिए गणना की गई हैं।
किसी भी त्योहार की तिथि खोलकर उस दिन का पूरा पंचांग देखें, जिसमें उस कर्म के लिए अपेक्षित विशिष्ट मुहूर्त भी है — लक्ष्मी पूजन हेतु प्रदोष काल, जन्माष्टमी हेतु निशिता काल, गणेश चतुर्थी हेतु मध्याह्न, तथा रक्षाबंधन व होलिका दहन हेतु भद्रा के पश्चात का काल।